कोरोना जांच में तेजी और सुविधा के लिए की गई बेहतर व्यवस्था

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जिला संवाददाता कौशल किशोर सिंह की रिपोर्ट

— होम आइसोलेशन में रहने वाले की नियमित काउंसलिंग और स्क्रीनिंग होगी

– जांचोपरांत गंभीर लक्षण पाए जाने पर बेहतर उपचार की होगी सुविधा

– मास्क पहनो अभियान को मूर्त रूप देने हेतु अभियान की गति प्रदान करने के दिए गए निर्देश

-कंटेंटमेंट जोन में नियमित सैंपलिंग और स्क्रीनिंग का कार्य गंभीरता पूर्वक करने का निर्देश

मुजफ्फरपुर। 20 जुलाई

जिले में कोविड-19 से संक्रमित व्यक्तियों की संख्या बढ़ने के मद्देनजर जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग द्वारा कारगर व्यवस्था सुनिश्चित करने हेतु सोमवार को जिलाधिकारी की अध्यक्षता में सोमवार को कोविड-19 पर विशेष बैठक आयोजित की गई। बैठक में कोरोना संक्रमण की रोकथाम एवं उस पर प्रभावी नियंत्रण के मद्देनजर महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए एवं इसके लिए संबंधित अधिकारियों /विभागों को आवश्यक निर्देश भी दिया गया।
सामुदायिक और प्राथमिक

स्वास्थ्य केंद्रों पर शुरू की गई एंटीजेन टेस्ट
टेस्टिंग फैसिलिटी को बेहतर और इसकी संख्या बढ़ाने के उद्देश्य से बुधवार से सभी पीएससी पर रैपिड एंटीजन टेस्ट की व्यवस्था शुरू कर दी जाएगी। शहर के प्रमुख पीएचसी केंद्रों के अतिरिक्त सकरा, पारू मोतीपुर, गायघाट कटरा में व्यवस्था शुरू कर दी गई है। उक्त केंद्रों पर चिकित्सीय सलाह के अनुसार सिंप्टोमेटिक अथार्त सर्दी, सुखी खांसी, बुखार आदि से लक्षणयुक्त व्यक्तियों की निशुल्क जांच की व्यवस्था की गई है। टेस्ट की संख्या बढ़े और टेस्ट फैसिलिटी उपलब्ध हो तथा लोगों को बेवजह इधर-उधर भटकना न पड़े इस बाबत उक्त निर्णय लिया गया है।।

हल्के लक्षण वाले होंगे होम आइसोलेट:

कोरोना की जांच के बाद यदि व्यक्ति पॉजिटिव पाए जाते हैं और उनमें कोई लक्षण नजर नहीं आता है या माइल्ड लक्षण वाले व्यक्तियों को होम आइसोलेशन कराया जाएगा। इसके लिए उन्हें मेडिकल किट उपलब्ध कराया जाएगा। जिसमें महत्वपूर्ण दवाइयां होंगी। मेडिकल किट में दो मास्क होगा और “क्या करें क्या न करें” से संबंधित पंपलेट भी उपलब्ध होगा। वहीं होम आइसोलेशन वालो के लिए प्रत्येक प्रखंड मे काउंसलिंग सेंटर भी खोला गया है। जहां से नियमित तौर पर उनकी काउंसलिंग की जाएगी। प्रत्येक दिन चिकित्सक /पारा मेडिकल स्टाफ के द्वारा उनका हालचाल लिया जाएगा।वे अपनी स्थिति से मेडिकल टीम को अवगत करा सकते हैं या चाहे तो कोई सलाह भी ले सकते हैं। होम आइसोलेशन को लेकर पुख्ता प्रबंधन की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है ।

गंभीर रोगियों को लाया जाएगा मेडिकल कॉलेज , 600 बीएड की व्यवस्था:
जांचोपरांत व्यक्ति में यदि कोई गंभीर लक्षण नजर आते है तो ऐसे व्यक्ति को ट्रीटमेंट के लिए मेडिकल कॉलेज लाया जाएगा, जहां उनके उपचार की बेहतर व्यवस्था भी उपलब्ध कराई जाएगी। इसके लिए मेडिकल कॉलेज में सौ बेड की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। इसकी क्षमता को और अधिक बढ़ाने का प्रयास भी किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त ग्लोकल (100बेड)और तुर्की कोविड केयर सेंटर (300 बेड) को भी गंभीर लक्षण वाले व्यक्तियों के प्रॉपर ट्रीटमेंट हेतु उपयोग में लाने का निर्णय लिया गया है। इस तरह से फिलहाल संक्रमित मरीजों की चिकित्सा व्यवस्था हेतु 600 बेड की उपलब्धता सुनिश्चित हो गई है, जहां गंभीर किस्म के लक्षण वाले कोरोना मरीजों का इलाज पूरी गंभीरता के साथ किया जाएगा। यदि होम आइसोलेशन वाले में लक्षण गंभीर प्रतीत होंगे तो वे भी यहां आकर अपनी चिकित्सा करा सकते हैं ।

मास्क पहनो अभियान को मिलेगी गति
टेस्टिंग फैसिलिटी की उपलब्धता सुनिश्चित कराने , माइल्ड लक्षण वाले रोगियों को पूरी व्यवस्था के साथ होम आइसोलेशन कराने एवं गंभीर लक्षण वाले रोगियों को प्रभावी चिकित्सा व्यवस्था की उपलब्धता सुनिश्चित कराए जाने के साथ समानांतर रूप से मास्क पहनो अभियान को मूर्त रूप देने के उद्देश्य से उक्त अभियान को और अधिक गति देने का निर्देश भी दिया गया है। सभी लोग “मास्क का दैनिक उपयोग करें तथा सोशल डिस्टेंसिंग को मेंटेन करें” को सख्ती से लागू किया जा रहा है और आगे भी लागू किया जाएगा ।इसके साथ ही लोगों को जागरूक करने की कवायद भी की जा रही है । शहरी क्षेत्र में विभिन्न मोबाइल टीमें कार्यरत हो कंटेनमेंट जोन के अंतर्गत संकटग्रस्त समूहों यथा:- वृद्ध /लाचार व्यक्तियों की जांच करने /सैंपलिंग करने की कवायद गंभीरतापूर्वक जारी रखें, इस आशय का भी निर्देश दिया गया है। साथ ही श्री कृष्ण चिकित्सा महाविद्यालय अस्पताल मुजफ्फरपुर में कोविड-19 आपातकालीन नियंत्रण कक्ष खोला गया है जिसका दूरभाष नंबर 0621 2231202 है । साथ ही जिला सदर अस्पताल मुजफ्फरपुर में भी नियंत्रण कक्ष कार्यरत है जिसका दूरभाष नंबर 180034656158 तथा 0621- 2266050. है।
जिलाधिकारी मुजफ्फरपुर डॉक्टर चंद्रशेखर सिंह ने जिले वासियों से विनम्र अपील की है कि इस महामारी के दौर में पैनिक ना हो, मास्क का प्रयोग जरूर करें एवं सोशल डिस्टेंसिंग भी मेंटेन करें ताकि सभी के सम्मलित सहयोग से कर कोरोना को मात दिया जा सके।